बिहार विधानसभा चुनाव में एनडीए को प्रचंड बहुमत मिली है। वहीं महागठबंधन को करारी हार का सामना करना पड़ा है। वहीं इस बीच सोशल मीडिया पर हाथों में मशाल लेकर प्रदर्शन करते लोगों का एक वीडियो वायरल है। दावा किया जा रहा है कि बिहार चुनाव में बीजेपी द्वारा वोट चोरी कर चुनाव जीतने के बाद लोग पटना में सड़कों पर आ गए हैं। हालांकि हमारी पड़ताल में यह दावा भ्रामक निकला।
मंजीत घोषी ने लिखा, ‘क्या सच में जनता इतनी सजग है वीडियो कहीं का भी हो पर उम्मीद देता है’
क्या सच में जनता इतनी सजग है
— Manjeet Ghoshi (@ghoshi_manjeet) November 17, 2025
वीडियो कहीं का भी हो पर उम्मीद देता है 🙏 pic.twitter.com/hwzo3XVb5z
अनुशी तिवारी ने लिखा, ‘दिन ढल चुका है और लाखों लोग बिहार की सड़कों पर हैं क्योंकि मोदी ने #BiharElection2025 में धांधली की है। पूरी दुनिया देखे कि लाखों लोग सड़कों पर हैं, ये हालात किसी भी तरह के आंदोलन को जन्म दे सकते हैं।’
वहीं इंस्टाग्राम पर मोहम्मद करीम ने इसी दावे के साथ वीडियो को शेयर किया है।
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फैक्ट चेक
दावे की पड़ताल में वायरल वीडियो को रिवर्स सर्च करने पर यह वीडियो हमें 26 सितंबर को धर्मेश दीक्षित नाम के एक्स हैंडल पर पोस्ट मिला। जिसके मुताबिक यह वीडियो जयपुर का का है। जहां राजस्थान के झालावाड़ स्कूल हादसे में मृत बच्चों को इंसाफ दिलाने के लिए लोगों ने प्रदर्शन किया था।
वहीं पड़ताल में आगे हमें यह वीडियो ‘राजस्थान देखो‘ नाम के इंस्टाग्राम पेज पर भी पोस्ट मिला। इसमें भी इस वीडियो को जयपुर में झालावाड़ स्कूल हादसे के खिलाफ प्रदर्शन का बताकर शेयर किया है।

पड़ताल में आगे हमें NDTV राजस्थान की एक रिपोर्ट भी मिली जिसके मुताबिक ये जुलूस 25 सितंबर को राजस्थान के युवा नेता नरेश मीणा के बेटे और उनके समर्थकों ने जयपुर में मशाल जुलूस निकाला था। नरेश मीणा पिछले 14 दिन से अनशन पर थे। उनकी मांग थी कि झालावाड़ के पीपलोदी स्कूल हादसे में मृतक बच्चों के परिजनों को न्याय मिले।
| दावा | बिहार चुनाव में बीजेपी द्वारा वोट चोरी कर चुनाव जीतने के बाद लोग पटना में सड़कों पर आ गए हैं। |
| दावेदार | मंजीत घोषी, अनुशी तिवारी |
| निष्कर्ष | बिहार चुनाव के बाद पटना में बीजेपी के खिलाफ प्रदर्शन का दावा गलत है। वायरल वीडियो 25 सितंबर को जयपुर में झालावाड़ स्कूल हादसे में मृत बच्चों को इंसाफ दिलाने के लिए निकाले गए मशाल जुलूस का है। |
