सोशल मीडिया पर अखबार में छपी एक खबर की कटिंग वायरल है। खबर की हेडलाइन है ‘राम मंदिर में जाने पर दलित परिवार की डंडे से पिटाई।’ दावा किया जा रहा है कि राम मंदिर में जाने पर दलित परिवार को पीटा गया। हालांकि पड़ताल में यह घटना पुरानी निकली।
दिव्या कुमारी ने एक्स पर अखबार की कटिंग शेयर कर लिखा, ‘धर्म नहीं जाति देखकर पीटा गया जातंकवादी’
धर्म नहीं जाति देखकर पीटा गया 😡😡
— दिव्या कुमारी (@divyakumaari) April 25, 2025
जातंकवादी pic.twitter.com/zaGIrVnSC9
रितेश देशमुख नाम के पैरोडी हैंडल ने लिखा, ‘धर्म नहीं जाति देखकर दलित परिवार को पीटा गया है…’
धर्म नहीं जाति देखकर दलित परिवार को पीटा गया है… pic.twitter.com/UGEWKEKMVT
— रितेश देशमुख ( ᴘᴀʀᴏᴅʏ ) (@Deshmukh_0) April 25, 2025
दीपक सिंह ने लिखा, ‘जाति देखी , धर्म नहीं’
जाति देखी , धर्म नहीं #PahalgamTerroristAttack #WorldMalariaDay pic.twitter.com/VczUO0FFR4
— Deepak Singh (@DeepakSing4you) April 25, 2025
वहीं रेखा नाम के एक्स हैंडल ने भी इसी दावे के साथ पोस्ट किया है।
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फैक्ट चेक
दावे की जांच के लिए हमने संबंधित कीवर्ड्स की मदद से गूगल पर सर्च किया। इस दौरान हमें 29 अक्टूबर 2021 को प्रकाशित हिंदुस्तान और दैनिक भास्कर की एक रिपोर्ट मिली। रिपोर्ट के मुताबिक, यह घटना गुजरात में भचाऊ तहसील के नेर गांव की है। भगवान राम के दर्शन करने आये एक दलित परिवार को गांव के ही करीब 17 लोगों ने जानलेवा हमला कर सभी को लहूलुहान कर दिया।

भचाऊ पुलिस के मुताबिक 26 अक्टूबर को नेर गांव में राम मंदिर की प्राण-प्रतिष्ठा हो रही थी। इसी मौके पर काफी संख्या में लोग नेर गांव में जमा थे। गांव में ही रहने वाला पीड़ित दलित परिवार भी मंदिर पहुंचा था। इसके बाद गांव के 17 शख्सों ने पीड़ितों के घर पर हमला बोल दिया था। आरोपियों ने अधेड़ महिला को भी नहीं छोड़ा था। परिवार को लहूलुहान करने के बाद लूटपाट और उनकी गाड़ियों में तोड़फोड़ भी की गई थी। परिवार की शिकायत पर पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर पांच आरोपियों को अरेस्ट कर लिया था।
| दावा | राम मंदिर में जाने पर दलित परिवार की डंडे से पिटाई। |
| दावेदार | दिव्या कुमारी और रितेश देशमुख पैरोडी |
| निष्कार्ष | राम मंदिर में जाने पर दलित परिवार को पीटने की घटना साल 2021 की है। पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ कारवाई थी। इस घटना को हाल ही का बताकर भ्रामक रूप से शेयर किया जा रहा है। |
