दिल्ली यूनिवर्सिटी में पत्रकार रूचि तिवारी के साथ मारपीट को लेकर हुए विवाद पर एक व्यक्ति के इंटरव्यू का एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में एक व्यक्ति ने पत्रकार से उसकी जाति पूछते हुए कहा कि बनिया हो इसीलिए बच गए ब्राह्मण होते मैं अभी तुमको मार देता। सोशल मीडिया पर इसे ब्राह्मणों के खिलाफ नफरती और भड़काऊ बयानबाजी के दावे के साथ शेयर किया जा रहा है। हालांकि हमारी पड़ताल में यह दावा भ्रामक साबित हुआ।
राम त्यागी ने लिखा, ‘यही वो जहरीली मानसिकता है जो निरन्तर बढ़ रही है और सरकार इसकी पूर्णतः दोषी है ! “रुचि से प्रॉब्लम नही थी, ब्राह्मण होने से प्रॉब्लम थी।” इसका एड्रेस पता है तो कोई बताओ प्लीज, हमें इस काले गैंडे से मिलना है’
यही वो जहरीली मानसिकता है जो निरन्तर बढ़ रही है और सरकार इसकी पूर्णतः दोषी है !
— Ram Tyagi Hindu (@RamTyagiHindu) February 15, 2026
"रुचि से प्रॉब्लम नही थी, ब्राह्मण होने से प्रॉब्लम थी।"
इसका एड्रेस पता है तो कोई बताओ प्लीज, हमें इस काले गैंडे से मिलना है 🔱#UGC_RollBack #Justice_For_रूचि_तिवारी pic.twitter.com/LRC7VXT0sK
राजेश साहू ने एक्स पर इस वीडियो को शेयर कर लिखा, ‘”बनिया हो इसलिए बच गए, तिवारी होते तो तुम्हें अभी मारता।” कितनी अजीब बात है। किसी एक के चलते पूरी जाति के लोगों को पीटेंगे। सब अपनी अपनी जाति का झंडा बुलंद करते चल रहे।’
अजय ने लिखा, ‘इस अम्बेडकरवादी व्यक्ति ने पत्रकार से जात पूछ कर कहां बनिया हो इसलिए बच गए ब्राह्मण होते मैं अभी तुमको मार देता। क्या शासन प्रशासन ने इनको खुली छूट दे रखी है अगर नहीं तो ऐसे जातिआतंकियों के ख़िलाफ़ कोई कार्य वही क्यों नहीं करती’
इस अम्बेडकरवादी व्यक्ति ने पत्रकार से जात पूछ कर कहां बनिया हो इसलिए बच गए ब्राह्मण होते मैं अभी तुमको मार देता।
— ajay sanatani (@AJAYKUM95107739) February 14, 2026
क्या शासन प्रशासन ने इनको खुली छूट दे रखी है अगर नहीं तो ऐसे जातिआतंकियों के ख़िलाफ़ कोई कार्य वही क्यों नहीं करती #Justice_For_रूचि_तिवारी@Uppolice@narendramodi… pic.twitter.com/lytvmrNpHo
वहीं यूपी वाले भईया, NCIB Headquarters, अनभिज्ञ, ब्राह्मण साहब, शौर्य मिश्रा, त्रिलोक स्वामी, रुद्र्भक्त, रंजन कुमार झा, प्रिंस सिंह, हर्षवर्धन त्रिपाठी, अंकुर मिश्रा और अनुज अग्निहोत्री ने भी इसी दावे के साथ वीडियो को शेयर किया है।
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फैक्ट चेक
दावे की पड़ताल में वायरल इंटरव्यू का पूरा वीडियो हमें 14 फरवरी 2026 को JHTV INDIA के यूट्यूब चैनल पर पोस्ट मिला। जिसके मुताबिक यह वीडियो दिल्ली यूनिवर्सिटी में पत्रकार रूचि तिवारी के साथ हुई मारपीट के मुद्दे पर लोगों से उनकी राय ले रहे थें। वीडियो में ठीक 11 मिनट पर वायरल हिस्से को देखा जा सकता है। लेकिन उससे पहले ठीक 10:48 मिनट पर पत्रकार इस व्यक्ति से सवाल करता है कि चंद्रशेखर रावण और ढफली गैंग के लोग स्वर्ण पत्रकारों को उनका नाम और जाति पूछकर टारगेट कर रहे हैं।
इसपर वायरल वीडियो में दिख रहे शख्स ने कहा कि इनका एजेंडा सेट है तो हमारा भी एजेंडा आगे बरकरार रहेगा। आप देखेंगे आगे क्या करना है। अगर देखिए रुचि तिवारी नाम समझिएगा, रुचि से प्रॉब्लम नहीं था, तिवारी से प्रॉब्लम था। इसके बाद व्यक्ति रिपोर्टर से उसका नाम और उसकी जाति पूछता है। रिपोर्टर खुद को बनिया बताता है जिसके बाद वह व्यक्ति कहता है कि बच गए तुम, नहीं तो मैं अभी तुमको मारता अगर ब्राह्मण होते तुम। यही हो रहा है…यही प्रॉब्लम है कि लोगों को जानबूझकर मारा जा रहा है। अभी यूजीसी का जो बिल आया है, अगर छोटे बच्चे को बचपन से बताया जाएगा कि तुम स्वर्ण हो, तो वो बोलेगा हम बेंच पर नहीं बैठेंगे, सोफे पर बैठेंगे, मिड डे मील भी अलग बर्तन में चाहिए क्योंकि हम स्वर्ण हैं। ये बस लोगों में भेदभाव पैदा करने के लिए लाया गया है। मैं दिल्ली पुलिस से आग्रह करूंगा कि सख्त से सख्त कार्रवाई हो, फिर से कोई रुचि तिवारी ना बने चाहे वो कोई भी पत्रकार हो।
| दावा | व्यक्ति ने पत्रकार से जात पूछ कहा बनिया हो इसीलिए बच गए ब्राह्मण होते मैं अभी तुमको मार देता। |
| दावेदार | शौर्य मिश्रा, त्रिलोक स्वामी, रुद्र्भक्त, रंजन कुमार झा व अन्य |
| निष्कर्ष | पत्रकार से जाति पूछकर भड़काऊ बयानबाजी करने का वायरल वीडियो एडिटेड है। असल में यह वीडियो दिल्ली यूनिवर्सिटी में पत्रकार रूचि तिवारी के साथ हुई मारपीट के मुद्दे पर जनरल कैटेगरी के लोगों से उनकी राय लेने का है। जिसमें इस व्यक्ति ने ब्राह्मणों के हो रहे दुर्व्यवहार को समझाने के संदर्भ में यह बात कही थी, लेकिन वायरल क्लिप को काट-छांटकर अलग अर्थ में पेश किया गया है। |
